
खरसावां के शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करने पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा अपनी धर्मपत्नी मीरा मुंडा, बीजेपी प्रदेश प्रवक्ता जेबी तुविद, जिला अध्यक्ष उदय सिंहदेव, रमेश हांसदा, आदित्यपुर नगर निगम के पूर्व डिप्टी मेयर अमित सिंह, आदि के साथ पहुंचे और श्रद्धांजलि अर्पित की. मीडिया से बातचीत करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि खरसावां के शहीदों के सपनों को आज भी वह स्थान नहीं मिला है जिसके लिए उन्होंने आंदोलन किया था. उन्होंने खरसावां गोलीकांड के लिए तत्कालीन कांग्रेस सरकार को जिम्मेदार ठहराया. उन्होंने कहा कि आजादी के बाद जिस आदिवासी सभ्यता और संस्कृति को सहेजने की जिम्मेदारी तत्कालीन कांग्रेस सरकार पर थी उन्होंने उसे ओर ध्यान नहीं दिया. वर्तमान सरकार में भी कांग्रेस सहयोगी की भूमिका में है मगर वर्तमान सरकार आदिवासी सभ्यता और संस्कृति से अलग हटकर काम कर रही है. कांग्रेस के साथ मिलकर सरकार बालू चोरी में लीन है. पेसा नियमावली के साथ छेड़छाड़ कर आदिवासी सभ्यता संस्कृति के मूल भावना को खत्म किया जा रहा है. शेड्यूल एरिया को समाप्त किया जा रहा है. उन्होंने कहा कि खरसावां के शहीदों को सच्ची श्रद्धांजलि तभी मिलेगी जब राज्य में सशक्त पेसा नियमावली लागू हो और यहां के मूल भावनाओं का सम्मान हो. पूर्व मुख्यमंत्री ने फिर से दोहराया कि खरसावां के शहीदों का चिन्हनीतिकरण अनिवार्य है इसके लिए सरकार को आगे आना होगा.
