
जमशेदपुर बीएससी नर्सिंग में नामांकन के लिए नेताजी सुभाष इंस्टीट्यूट ऑफ नर्सिंग पहुंचे हजारीबाग, गिरिडीह, धनबाद समेत बिहार के विभिन्न जिलों के करीब 55 विद्यार्थियों को निराश होकर लौटना पड़ा। विद्यार्थियों के अनुसार, उन्हें काउंसलिंग के लिए संस्थान आवंटित किया गया था, लेकिन वहां पहुंचने पर सीटें फुल होने की जानकारी देकर नामांकन लेने से मना कर दिया गया।
विद्यार्थियों ने बताया कि उन्होंने कंबाइंड एंट्रेंस परीक्षा में हिस्सा लिया था। परीक्षा के बाद नर्सिंग काउंसिल की ओर से उन्हें नेताजी सुभाष इंस्टीट्यूट ऑफ नर्सिंग आवंटित किया गया था। उन्हें 28 सितंबर को संस्थान में पहुंचकर नामांकन प्रक्रिया पूरी करने के लिए कहा गया था। सोमवार को उनकी अंतिम काउंसलिंग की तिथि निर्धारित थी। कई विद्यार्थी रविवार को ही जमशेदपुर पहुंच गए थे और सोमवार सुबह संस्थान पहुंचे, लेकिन वहां उन्हें सीटें भर जाने की जानकारी दी गई।
नामांकन नहीं होने से नाराज कुछ विद्यार्थी शिकायत लेकर उपायुक्त कार्यालय पहुंचे। विद्यार्थियों ने अधिकारियों को अपनी समस्या से अवगत कराते हुए नामांकन प्रक्रिया में हुई कथित विसंगतियों की जांच कराने की मांग की।
विद्यार्थियों का कहना था कि काउंसलिंग से संबंधित दस्तावेजों में नोडल पदाधिकारी का नाम स्पष्ट रूप से दर्ज नहीं था। साथ ही उपलब्ध मोबाइल नंबर से भी उन्हें सही जानकारी नहीं मिल सकी। इसके कारण काउंसलिंग और नामांकन को लेकर उन्हें काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
विद्यार्थियों ने कहा कि जब संस्थान का आवंटन नर्सिंग काउंसिल के माध्यम से किया गया था, तो सीटें फुल होने की जानकारी उन्हें पहले क्यों नहीं दी गई। उन्होंने प्रशासन से मामले में हस्तक्षेप कर नामांकन की व्यवस्था कराने और पूरी प्रक्रिया की जांच की मांग की है।