
जमशेदपुर एक्सएलआरआई ऑडिटोरियम में 48वीं वार्षिक बैठक एवं तीन दिवसीय अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन का भव्य शुभारंभ हुआ. कार्यक्रम का उद्घाटन झारखंड के राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने मुख्य अतिथि के रूप में दीप प्रज्वलित कर किया.
यह कार्यशाला “एनवायरनमेंटल म्यूटाजेनेसिस एंड एपिजेनोमिक्स इन रिलेशन टू ह्यूमन हेल्थ” विषय पर आयोजित की गई है, जिसमें देश- विदेश से आए वैज्ञानिक, शोधकर्ता और शिक्षाविद भाग ले रहे हैं. कार्यक्रम के दौरान पारंपरिक स्वागत के साथ अतिथियों का अभिनंदन किया गया. राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने अपने संबोधन में कहा कि पर्यावरणीय बदलाव और मानव स्वास्थ्य के बीच संबंधों पर गंभीर शोध की आवश्यकता है. उन्होंने कहा कि आज के दौर में बढ़ते प्रदूषण, औद्योगिक विस्तार और बदलती जीवनशैली का प्रभाव मानव स्वास्थ्य पर स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है. ऐसे में वैज्ञानिक अनुसंधान समाज को सुरक्षित भविष्य देने में अहम भूमिका निभा सकते हैं. उन्होंने शोधकर्ताओं से आह्वान किया कि वे अपने शोध को केवल प्रयोगशालाओं तक सीमित न रखें, बल्कि उसके परिणामों को समाज के हित में उपयोगी बनाने की दिशा में भी कार्य करें. राज्यपाल ने कहा कि झारखंड जैसे औद्योगिक राज्य में पर्यावरण और स्वास्थ्य के संतुलन पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है. कार्यक्रम में शिक्षाविदों और विशेषज्ञों ने पर्यावरणीय म्यूटाजेनेसिस और एपिजेनोमिक्स के विभिन्न पहलुओं पर विचार-विमर्श किया. तीन दिनों तक चलने वाली इस कार्यशाला में तकनीकी सत्र, शोध पत्र प्रस्तुति और पैनल चर्चा आयोजित की जाएंगी.
