
चाईबासा के टोन्टो प्रखंड के बुंडू गाँव के एक परिवार के चार सदस्यों ने दो साल बाद अपने मूल धर्म में वापसी किया। ग्रामीण मुण्डा, दियुरी और आदिवासी ‘हो’ समाज युवा महासभा के पदाधिकारियों की उपस्थिति में “हो’ समाज के पारम्परिक विधि विधान के अनुसार चारों लोगों का शुद्धिकरण कर हो समाज की मूल-संस्कृति और प्राकृतिक आस्था पर पुनः वापसी किया। ग्रामीणों के मुताबिक यह परिवार बीमारी ठीक होने के नाम पर 02 साल पूर्व ईसाई धर्म अपनाया था। लेकिन धर्म परिवर्तन के बाद भी घर-द्वार का स्थिति में कोई सुधार नहीं होने पर इस परिवार ने पुनः सरना धर्म में वापसी का इच्छा जताया। जिसके बाद आदिवासी ‘हो’ समाज युवा महासभा द्वारा इस परिवार को सरना धर्म में वापसी कराया गया।
