
जानकारी के अनुसार समिति द्वारा उपभोक्ताओं को कई दिनों से निर्धारित सरकारी राशन नहीं दिया जा रहा था। इससे स्थानीय लोगों में आक्रोश बढ़ गया और आज सुबह बड़ी संख्या में उपभोक्ता समिति के कार्यालय के बाहर एकत्र होकर नारेबाजी करने लगे।
प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि समिति की ओर से बार-बार टालमटोल की जा रही है और सही समय पर राशन वितरण नहीं किया जा रहा है। कई उपभोक्ताओं का कहना था कि उन्हें महीनों से अनाज का हिस्सा नहीं मिला है, जबकि सरकार की ओर से नियमित आपूर्ति की जा रही है।
लोगों ने समिति की पारदर्शिता और कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए और मांग की कि जिला प्रशासन इस मामले में तत्काल हस्तक्षेप कर सभी उपभोक्ताओं को उनका हक दिलाए।
प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन से यह भी मांग की कि यदि समिति उपभोक्ताओं को सही समय पर राशन उपलब्ध कराने में असफल रहती है, तो समिति को निलंबित कर किसी अन्य व्यवस्था के तहत राशन वितरण किया जाए। इस दौरान महिलाओं, पुरुषों और बुजुर्ग उपभोक्ताओं की भारी भीड़ देखने को मिली।
