
पुलिस सूत्रों के अनुसार, सुशील केराई लंबे समय से इस नेटवर्क से जुड़ा हुआ था और पूरे धंधे की जानकारी रखता था। जांच के दौरान उसके खिलाफ पुख्ता सबूत मिले, जिसके बाद कार्रवाई की गई। पूछताछ में यह भी सामने आया कि सुशील, लखींद्र सरदार के साथ मिलकर अवैध हथियारों के अलावा नशे और अवैध शराब के कारोबार से भी जुड़ा था।एसएसपी पीयूष पांडे ने मामले को गंभीरता से लेते हुए एक विशेष टीम गठित की है। यह टीम लगातार गैंग के बाकी सदस्यों की तलाश में जुटी हुई है। पुलिस का मानना है कि यह नेटवर्क केवल सोनारी तक सीमित नहीं, बल्कि शहर के अन्य हिस्सों में भी फैला हो सकता है।स्थानीय लोगों का कहना है कि सरदार गैंग का लंबे समय से इलाके में दबदबा रहा है और इसके तार कई जगहों से जुड़े हो सकते हैं। पुलिस की सख्त कार्रवाई के बाद इलाके में चर्चाएं तेज हो गई हैं। अधिकारियों का मानना है कि आने वाले दिनों में और बड़े खुलासे हो सकते हैं फिलहाल पुलिस ने सुशील केराई को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है और नेटवर्क के बाकी सदस्यों की तलाश जारी है। लगातार हो रही कार्रवाई से लोगों में विश्वास बढ़ा है कि इस अवैध कारोबार पर अब पूरी तरह से शिकंजा कसा जाएगा।
