
पुलिस ने उसे बिहार के मुंगेर जिले के धपरी शामपुर से गिरफ्तार किया है। वह मूल रूप से अदित्यपुर सालडीह बस्ती, केसरी गोदाम के पास का रहने वाला है और मुंगेर उसका पैतृक गांव है बिष्टुपुर थाना प्रभारी आलोक कुमार दूबे ने बताया कि जांच के दौरान स्पष्ट हुआ कि लूट की वारदात को अंजाम देने में चंदन मंडल की अहम भूमिका रही। कारोबारी साकेत अग्रवाल से रुपए से भरा बैग उसी ने छीना था। वारदात को अंजाम देने के बाद वह अपने साथियों के साथ इनोवा पर सवार होकर अदित्यपुर के राममढ़िया बस्ती पहुंचा। यहां 5 मिनट तक ठहरने के बाद गिरोह राजनगर की ओर भाग निकला। बाद में चंदन मंडल अपने हिस्से के 5 लाख रुपये लेकर मुंगेर चला गया था।पुलिस टीम ने लगातार तकनीकी व मानवीय सूचना तंत्र की मदद से आरोपी का पीछा किया और अंतत मुंगेर से उसे दबोच लिया। उसकी गिरफ्तारी के बाद 50 हजार रुपये नकद बरामद किए गए थाना प्रभारी ने बताया कि इससे पहले 12 सितम्बर को इस मामले में शामिल चार अपराधियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। पूछताछ के दौरान पूरे गिरोह की संलिप्तता उजागर हो चुकी है पुलिस ने बताया कि अब पूरे लूटकांड का खुलासा हो चुका है और न्यायालय में चार्जशीट दाखिल करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। चंदन मंडल की गिरफ्तारी के साथ ही इस सनसनीखेज लूट प्रकरण का मुख्य सूत्रधार भी सलाखों के पीछे पहुंच गया है।
